आता गया नया तो पुराना चला गया
मैं अपने नक़्शे पा को मिटाता चला गया
तुम जो गए हो यार ज़माना चला गया
तुम पूछते हो मुझ सेे कि क्या क्या चला गया
लिखना कि इंतिज़ार तो करता बहुत था वो
आएँ जो पूछने तो बताना चला गया
इक शख़्स इस क़दर मेरे सर पर सवार था
इक नाम बार बार अलापा चला गया
मुश्किल से एक नाम जो दिल पर लिखा था दोस्त
मुश्किल हुए बिना ही वो मिटता चला गया
दोनों ने तय किया था कि ठहरेंगे एक साथ
पीछे न देखा उसने वो चलता चला गया
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